NATO समिट में ट्रंप के बदले तेवर, मेलोनी की तारीफ के साथ ईरान मुद्दे पर साधा निशाना

अंकारा, तुर्किये।
नाटो (NATO) शिखर सम्मेलन के दौरान अमेरिका के राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी को लेकर मिश्रित प्रतिक्रिया दी। उन्होंने एक ओर मेलोनी की तारीफ करते हुए उन्हें “अच्छा व्यक्ति” बताया, वहीं दूसरी ओर ईरान से जुड़े सैन्य अभियान में अमेरिका का साथ नहीं देने के फैसले की आलोचना की। ट्रंप के इस बयान ने सम्मेलन में मौजूद नेताओं और अंतरराष्ट्रीय मीडिया का ध्यान अपनी ओर खींच लिया।
पत्रकारों से बातचीत के दौरान ट्रंप ने कहा कि उनके और मेलोनी के रिश्तों में पहले जैसी नजदीकी नहीं रही। उन्होंने कहा कि मेलोनी ने अमेरिका की मदद करने से इनकार किया, जिससे दोनों नेताओं के संबंधों में कुछ दूरी आ गई। हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि वह अब भी मेलोनी का सम्मान करते हैं और उन्हें एक अच्छा व्यक्ति मानते हैं।
गौरतलब है कि जॉर्जिया मेलोनी को लंबे समय तक ट्रंप का करीबी सहयोगी माना जाता रहा है। दोनों नेताओं के बीच कई वैश्विक मुद्दों पर समान विचार देखने को मिले थे, लेकिन हाल के समय में ईरान से जुड़े घटनाक्रम और विदेश नीति के मुद्दों पर मतभेद सामने आए हैं। ट्रंप की ताजा टिप्पणी को इन्हीं मतभेदों का सार्वजनिक संकेत माना जा रहा है।
नाटो सम्मेलन के दौरान ट्रंप ने ग्रीनलैंड को लेकर भी अपना पुराना रुख दोहराया। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा और रणनीतिक दृष्टि से ग्रीनलैंड अमेरिका के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। हालांकि उन्होंने इस विषय पर किसी नई योजना की घोषणा नहीं की।
इसके अलावा ट्रंप ने अमेरिका के मिनेसोटा राज्य में वायरल हुए एक हिजाब से जुड़े वीडियो पर भी टिप्पणी की, जिसके बाद सोशल मीडिया पर बहस तेज हो गई। हालांकि इस मामले में प्रशासन की ओर से कोई विस्तृत आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया।
विशेषज्ञों का मानना है कि ट्रंप के ये बयान न केवल अमेरिका और इटली के संबंधों पर असर डाल सकते हैं, बल्कि नाटो के भीतर विदेश नीति और सुरक्षा रणनीति को लेकर मौजूद मतभेदों को भी उजागर करते हैं।






